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कोरिया जिले के जलप्रपात | छत्तीसगढ़ का जलप्रपात

30 Aug 2025 | Ful Verma | 157 views

कोरिया जिले के जलप्रपात

🌊 कोरिया जिले के जलप्रपात : छत्तीसगढ़ का प्राकृतिक सौंदर्य

📌 परिचय

छत्तीसगढ़ का कोरिया जिला (Korea District) प्राकृतिक सौंदर्य, घने जंगलों और झरनों के लिए प्रसिद्ध है। यह जिला मध्यप्रदेश की सीमा से सटा हुआ है और यहाँ की पहाड़ियाँ, नदियाँ और जलप्रपात इसे पर्यटकों के लिए आकर्षण का केंद्र बनाते हैं।

कोरिया जिले के झरने न केवल मनोरंजन और पर्यटन का आधार हैं बल्कि स्थानीय संस्कृति और पर्यावरणीय संतुलन के भी संवाहक हैं।

अमृतधारा जलप्रपात, अकुरी जलप्रपात, गोरधरा जलप्रपात, गेरछाप जलप्रपात, रामधरा जलप्रपात और कोतमीसोनार जलप्रपात

🗺️ कोरिया जिले का संक्षिप्त भौगोलिक परिचय

  • स्थापना : 25 मई 1998
  • संभाग : सरगुजा
  • मुख्यालय : बैकुंठपुर
  • प्रमुख नदियाँ : हसदेव नदी, गाजर नदी, मचली नदी
  • प्राकृतिक आकर्षण : झरने, गुफाएँ, वन्यजीव अभयारण्य (गौरलापारा, कोतमीसोनार)

🌊 कोरिया जिले के प्रमुख जलप्रपात

1️⃣ अमृतधारा जलप्रपात (Amritdhara Waterfall)

  • स्थान : हसदेव नदी पर, बैकुंठपुर से लगभग 30 किमी दूर
  • ऊँचाई : लगभग 90 फीट
  • विशेषता :
  • कोरिया जिले का सबसे प्रसिद्ध झरना।
  • यहाँ हर साल अमृतधारा मेला लगता है, जहाँ हजारों श्रद्धालु आते हैं।
  • धार्मिक महत्व : पास में शिव मंदिर, जहाँ श्रद्धालु दर्शन करते हैं।
  • पर्यटन महत्व : पूरे वर्ष पर्यटकों के आकर्षण का केंद्र।

2️⃣ अकुरी जलप्रपात (Akuri Waterfall)

  • स्थान : बैकुंठपुर से 65 किमी दूर, गाजर नदी पर
  • ऊँचाई : लगभग 100 फीट
  • विशेषता :
  • यह झरना प्राकृतिक शांति और हरियाली से भरपूर है।
  • यहाँ का जल दूधिया धार जैसा दिखता है।
  • पर्यटन महत्व : ट्रैकिंग और पिकनिक स्पॉट के रूप में प्रसिद्ध।

3️⃣ गोरधरा जलप्रपात (Gordhara Waterfall)

  • स्थान : सोनहत क्षेत्र, बैकुंठपुर से लगभग 115 किमी
  • विशेषता :
  • पहाड़ी चट्टानों से गिरता यह झरना मनमोहक दृश्य प्रस्तुत करता है।
  • आसपास का इलाका जैव विविधता से भरपूर है।
  • पर्यटन महत्व : साहसिक पर्यटकों और फोटोग्राफरों का पसंदीदा स्थान।

4️⃣ गेरछाप जलप्रपात (Gerchap Waterfall)

  • स्थान : कोरिया जिले के जंगली क्षेत्र में
  • विशेषता :
  • यह झरना प्राकृतिक एकांत में स्थित है।
  • यहाँ का वातावरण शांत और पिकनिक के लिए आदर्श है।
  • स्थानीय महत्व : पास के गाँव के लोग इसे पवित्र मानते हैं।

5️⃣ रामधरा जलप्रपात (Ramdhara Waterfall)

  • स्थान : बैकुंठपुर क्षेत्र
  • विशेषता :
  • इस झरने का नाम पास के प्राचीन राम मंदिर के कारण पड़ा।
  • धार्मिक पर्यटन और प्राकृतिक सुंदरता का संगम।

6️⃣ कोतमीसोनार जलप्रपात (Kotmisona Waterfall)

  • स्थान : सोनहत क्षेत्र
  • विशेषता :
  • यह झरना कोरिया जिले का छुपा हुआ रत्न है।
  • पास में प्रसिद्ध कोतमीसोनार गुफाएँ भी हैं।
  • पर्यटन महत्व : धार्मिक और प्राकृतिक पर्यटन का अद्भुत केंद्र।

🌿 पर्यावरणीय एवं सांस्कृतिक महत्व

  • पर्यावरणीय महत्व : झरनों से आसपास का भूजल स्तर ऊँचा रहता है और स्थानीय वन्यजीवों को जल मिलता है।
  • सांस्कृतिक महत्व : अमृतधारा और रामधरा जैसे झरनों को स्थानीय लोग पवित्र मानते हैं।
  • आर्थिक महत्व : पर्यटन से स्थानीय लोगों को रोजगार और आजीविका मिलती है।

🌍 पर्यटन मार्गदर्शिका

  • सर्वश्रेष्ठ समय : जुलाई से दिसंबर
  • कैसे पहुँचे :
  • सड़क मार्ग : रायपुर से 300 किमी, अंबिकापुर और शहडोल से सीधी बस सुविधा
  • रेल मार्ग : बैकुंठपुर रोड (बीआरएच) नजदीकी रेलवे स्टेशन
  • हवाई मार्ग : रायपुर और प्रयागराज हवाई अड्डे
  • आवास : बैकुंठपुर और सोनहत क्षेत्र में होटल और पर्यटक विश्रामगृह उपलब्ध।

📖 निष्कर्ष

कोरिया जिला प्राकृतिक झरनों और गुफाओं से भरपूर है। यहाँ के अमृतधारा, अकुरी, गोरधरा, गेरछाप, रामधरा और कोतमीसोनार जलप्रपात न केवल पर्यटन का आकर्षण हैं बल्कि स्थानीय संस्कृति और आस्था से भी जुड़े हुए हैं। यदि कोई पर्यटक छत्तीसगढ़ की वास्तविक प्राकृतिक सुंदरता को देखना चाहता है तो कोरिया जिले की यात्रा जरूर करनी चाहिए।

➦ नोट - इस पेज पर आगे और भी जानकारियां अपडेट की जायेगी, उपरोक्त जानकारियों के संकलन में पर्याप्त सावधानी रखी गयी है फिर भी किसी प्रकार की त्रुटि अथवा संदेह की स्थिति में स्वयं किताबों में खोजें तथा फ़ीडबैक/कमेंट के माध्यम से हमें भी सूचित करें  जलप्रपात और कोतमीसोनार जलप्रपात